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शंट किसे कहते हैं ? सिद्धांत । लाभ – हानियां

शंट किसे कहते हैं

विद्युत परिपथ में उपयोग होने वाला शंट एक low resistance कम प्रतिरोध का एक तार होता है जिससे विद्युत परिपथ  में high resistance के parallel  में लगाया जाता है तथा यह current को low resistance Path provide flow करता है जिससे की शंट से होकर होती है तथा सामान्यत शंट  एक low resistance परंतु high power resistor  होता है जब भी शंट से current flow होती है कुछ मात्रा में voltage drop होता है शंट के a (Ross)  तथा यह voltage drop विद्युत परिपथ में बहने वाली धारा के proportional  होता है अर्थात हम इस voltage drop को measure करके परिपथ में बहने वाली धारा का magnitude  निकाल सकते हैं शंट इसी सिद्धांत पर कार्य करता है

शंट  का सिद्धांत

शंट का सिद्धांत समझने के लिए हम एक परिपथ बनाते हैं निम्नलिखित परिपथ में हमने एक धारामापी लिया है जिसे G से दर्शाया गया है तथा एक शंट तार लगाया गया है जिसे धारामापी G के parallel लगाया गया है जिसे s  से दर्शाया गया है धारामापी से बहने वाली धारा को ig तथा शंट से बहने वाली धारा is से दर्शाया गया है तथा मुख्य धारा को i से दर्शाया गया है

धारामापी के प्रतिरोध को माना गया है  तथा शंट  का प्रतिरोध Rs मान लेते हैं अब चुंकि धारामापी तथा शंट  दोनों parallel जुड़े हुए हैं अर्थात दोनों का विभवांतर समान होगा इसी नियम का उपयोग करते हुए हम मान लेते हैं की धारामापी G के सिरों का  विभवांतर शंट S  के सिरों का  विभवांतर अर्थात ig,

RG =is Rs v=iR ओम् के नियम से

RG / Rs =is /ig 

eq के दोनों part में 1 जोड़ने पर 

RG/Rs+1=is/ig +1

RG+Rs /Rs=is+ig/ig

 क्योंकि परिपथ में बहने वाली धारा I=is+ig I को eg (3)  मे  रखने पर 

RG+Rs /Rs =I/ig 

अब हम assume  कर रहे हैं कि जो धारामापी G है उसमें से i का N वां part  वह रहा है इसका मतलब यह हुआ कि यदि i=1 से Replace  करें तो ig=1/N होगा

तब यहvalue eq मे रखने पर 

RG+Rs /Rs =1/1/n 

RG+Rs/Rs =n

RG+Rs =nRs 

RG=NRS -Rs 

RG= Rs (n-1) 

Rs=RG/n-1 

  उपर्युक्त eq से यह निष्कर्ष निकलता है कि यदि धारामापी मे से मुख्य धारा का n वां  भाग बट रहा है तो शंट का Resistance Rs धारामापी के  Resistance RG का n-1  वां भाग होगा यही शंट का सिद्धांत है शंट का विद्युत परिपथ  मे लगने से कुछ 

लाभ तथा कुछ हानियां होती हैं जो इस प्रकार है 

लाभ

इसे लगाने से धारामापी से कम current बहती है 

इससे धारामापी का Resistance  कम हो जाता है 

इससे परिपथ को protect किया जा सकता है over voltage से शंट परिपथ  मे  बहने वाली धारा की  direction को भी बदल सकता है जिससे  High current से बचा जा सकता है

 हानियां

शंट का use  करने से परिपथ  में बहने वाली धारा का  accurate measurement नहीं हो पाता है इससे धारामापी की sensibility low हो जाती है इसे लगाने से परिपथ में अतिरिक्त power consume होती है उपयोग शंट का उपयोग करके धारामापी को अमीटर मे  बदला जा सकता है विद्युत परिपथ में low resistance Path provide करने के लिए शंट  का उपयोग किया जाता  है शंट लगाने से धारामापी में  High current नहीं बहती अर्थात धारामापी की सुरक्षा के लिए भी शंट का उपयोग किया जाता है शंट  resistor  का उपयोग करके अमीटर की reading को extend किया जा सकता है शंट  का उपयोग करके धारामापी वाले परिपथ  से Large current  मापी  जा सकती है

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